Skip to main content

क्या करो मैं ऐसा ही हूँ।

न हूँ मै तेरे क्रश की तरह 
न ही उसके जैसे दिखता हूँ ,
क्या करो मैं  ऐसा ही हूँ। 
नहीं आता मुझे लड़की पटाना 
न ही उनकी बात समझता हूँ 
न हूँ मैं उनकी आँखों का सितारा 
पर हूँ मैं अपनी माई के लिए 
दुनिया का तारा। 
नहीं आता तेरी  गुलाबी 
होठों को पढ़ना ,
नहीं आता तेरी नश्ली 
आँखो से बचना ,
क्या करो मैं ऐसा ही हूँ। 
नहीं हूँ मैं दूसरे जैसा जो 
दिल मे होता है वह 
कहता हूँ 
पर जब तू सामने होती है 
तोह वह भी कहने से डरता हूँ
क्या करो मैं ऐसा ही हूँ। 
न  आता है  मुझको 
किसी का दिल तोड़ना ,
न किसके दिल के 
साथ खेलना जनता हूँ,
मैं जानता  हूँ  इश्क़ में 
घायल हुए मरीजों को 
इसलिए अपनी पंक्तियॉ  
से उन पर  मरहम लगता हूँ। 
पर क्या करो मैं ऐसा ही हूँ। 


Comments

Popular posts from this blog

THE EYE I LOVED THE MOST

तु है दरिया  सा जिसमें  बैठ  जाने को मन करता है |          इस दुनिया से दुर  जाने को मन करता है |  तेरे टूटे हुऐ  दिल पर राज करने को मन करता है |         तेरी आँखो  से ऐसे  हुई है मोहब्बत  मुझे  की रोज उसको चूमने को मन करता है |          सिर्फ उसी मै  उतर जाने का मान करता हैं |  तेरी आँखें  देख लू तोह चयन  सा मिल जाता है         इस बेजान से ज़िन्दगी  मैं  नया  जान सा आ जाता है |  तु  बता दे अपनी आँखों  की कीमत ,इस  ज़िन्दगी  का         तोह पता नहीं,पर दुआ करता हूँ अल्लाह से  अगले जन्म मै तेरे इस नशीली आँखो  पर मेरा हक हो |        तेरे आँखो  का क्या कहना ,मेरे सवालों का ज़वाब  तेरे आँखो  मै मिल जाता है |         तेरी  आँखों  मै  अलग ही नशा हैं , जो...

Corona Virus

Corona ने कितनो को मारा?? चलो आज नकारात्मक नही सकारात्मक बाते करते है,, इसने हमें क्या क्या दिन नही दिखया? न जाने क्या क्या सिखया, इसने तोह हाथ मिलाकर किसी को wish करने से अच्छा हाथ जोड़कर नमस्ते करना बताया,तब ही तोह पूरी दुनिया ने इसे अपनाया। इस ने भारत की विद्यालय का भी मान बढ़ाया जब सबको एक हाथ दूरी करके प्राथर्ना और प्रतिज्ञा का ज्ञान सिखया। इसने सभी घर के सदस्य को एक ही घर में रख दिया। इसने कैसे भारतवासी को अलग- अलग रहकर जोड़ दिया, इसने तो फिर वही इतिहास को दोहराया युवा और नई पीढ़ी को रामायण और महाभारत का फिर से महत्त्व बताया, इसने सभी को अपने अपने घर से इस जंग के योद्धा डॉक्टर ,फौजी,मीडिया और पुलिस  के लिए सब से शंख ,घंटी और तालिया बजवाई। इसने फिर से यह बताया कि डॉक्टर ही पृथ्वी पर भगवान का दूसरा रूप है, इसने फिर से पक्षी पशु को सड़क पर ला दिया और इंसान को पिंजरे में कैद कर दिया,और इसने फिर से मछली को पानी में गोता लगाते दिखया। और तोह और अपराध पर पूर्ण विराम लगया है!!          @Tushar Pathak